सूरजपुर। जन्माष्टमी के पवित्र मौके पर निकले जुलूस में हुआ मामूली विवाद अगले ही दिन बड़े झगड़े में बदल गया। मारपीट की इस घटना में पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए 11 आरोपियों को पकड़ा, जिनमें से 3 नाबालिगों को किशोर न्याय बोर्ड के समक्ष पेश किया गया है।
कैसे हुआ विवाद?
20 अगस्त की रात रामेश्वरम गांव में जन्माष्टमी पूजा के बाद मूर्ति विसर्जन जुलूस निकाला गया। इसी दौरान जवाहिर लाल और उसके साथियों का लक्ष्मीपुर के दीपक दास और मिलन दास से विवाद हो गया।
अगले दिन हुआ हमला
21 अगस्त को विवाद इतना बढ़ा कि दीपक दास उर्फ बंटी बाबा अपने साथियों –
- राजेश साहू
- प्रीतिशंकर उर्फ हिमांशु उर्फ गौरीशंकर
- अनुज साहू उर्फ राजू
- लवकेश पंडो
- सूरज टोप्पो
- पीकेश कुमार
- नरेंद्र मिर्रे
- और 3 नाबालिगों के साथ मिलकर जवाहिर लाल के घर में घुस गया और लाठी-डंडों से जमकर मारपीट की।
पुलिस की कार्रवाई
पीड़ित की शिकायत पर रामानुजनगर थाना पुलिस ने बलवा का केस दर्ज किया। थाना प्रभारी राजेंद्र साहू के नेतृत्व में 23 अगस्त को पुलिस ने गांव में दबिश दी और सभी 11 आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ में आरोपियों ने अपराध कबूल भी कर लिया।
- 8 वयस्क आरोपी जेल भेजे गए
- 3 नाबालिगों को किशोर न्याय बोर्ड के सामने पेश किया गया
इस कार्रवाई में एएसआई मनोज पोर्ते, प्रधान आरक्षक निमेश शर्मा, आरक्षक विजय राजवाड़े, मितेश मिश्रा, राजकुमार नायक और अमलेश्वर कुमार की अहम भूमिका रही।